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Nagaland Film Angh Oscar Entry | Marathi Film Gondhal Race


9 मिनट पहले

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नागालैंड बेस्ड फिल्म ‘अंग’ (Angh) ने टोरंटो इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल (TIFF) 2026 में प्लेटफॉर्म प्राइज अपने नाम कर लिया है।

इस जीत के साथ ही नागा फिल्ममेकर थेजा रियो की इस फिल्म को 2027 के ऑस्कर अवॉर्ड्स की ‘इंटरनेशनल फीचर फिल्म’ कैटेगरी में सीधी एंट्री मिल गई है।

यह इस साल टीआईएफएफ की प्लेटफॉर्म प्रतियोगिता में चुनी गई एकमात्र भारतीय फिल्म थी। ऑस्कर के लिए भारत की ऑफिशियल एंट्री मराठी फिल्म ‘गोंधल’ है।

टीआईएफएफ की इस जीत के बाद ‘अंग’ भी सीधे ऑस्कर की रेस में शामिल होने हो गई है।

ऑस्कर में एंट्री, 20 हजार कनाडाई डॉलर का इनाम

15 सितंबर को प्रीमियर हुई फिल्म ‘अंग’ को टीआईएफएफ की प्लेटफॉर्म जूरी ने उसकी अलग सोच, बेहतरीन मेकिंग और कहानी के लिए सराहा।

इस अवॉर्ड के तहत मेकर्स को 20,000 कनाडाई डॉलर का नकद पुरस्कार मिला है। इसके अलावा, इस साल से लागू हुए नए नियमों के तहत यह प्राइज हासिल करने वाली फिल्म को ऑस्कर के लिए डायरेक्ट एलिजिबिलिटी (पात्रता) मिल जाती है।

इसके लिए फिल्म का किसी देश की ओर से आधिकारिक रूप से भेजा जाना जरूरी नहीं होता।

अंघ फिल्म की कहानी 1960 के दशक के नागालैंड पर आधारित है।

अंघ फिल्म की कहानी 1960 के दशक के नागालैंड पर आधारित है।

नागालैंड की कहानी, पुरानी परंपराओं और बदलाव का संघर्ष

इसकी कहानी 1960 के दशक के नागालैंड पर आधारित है। इसमें कोन्याक जनजाति के आखिरी जीवित बुजुर्ग मुखिया और उनके बेटे की जिंदगी को दिखाया गया है।

फिल्म में पारंपरिक जीवनशैली, पुरानी मान्यताओं और ईसाई धर्म के आगमन के बाद समाज में आ रहे बड़े बदलावों के बीच के तनाव को पर्दे पर उकेरा गया है।

बदलते दौर में कैसे इस समुदाय को हाशिए पर धकेला गया और उन्हें आदिम माना जाने लगा, फिल्म इसी संघर्ष को बयां करती है।

फिल्म में ज्यादातर कलाकार नागालैंड के स्थानीय और आदिवासी समुदाय से हैं।

फिल्म में ज्यादातर कलाकार नागालैंड के स्थानीय और आदिवासी समुदाय से हैं।

नागा कलाकारों के साथ बाफ्टा विजेता एक्टर ने किया काम

इस फिल्म में ज्यादातर कलाकार नागालैंड के स्थानीय और आदिवासी समुदाय से हैं। उनके साथ बाफ्टा अवॉर्ड विजेता ब्रिटिश एक्टर डगलस हेनशॉल भी अहम भूमिका में हैं। ‘अंग’ का निर्देशन थेजा रियो ने किया है और यह उनकी 2021 में आई इसी नाम की शॉर्ट फिल्म का ही बड़ा रूप है।

फिल्म का प्रोडक्शन थेजा रियो और नैन्सी निसा बेसो ने ‘विंटर हिम्स फिल्म्स’ के बैनर तले किया है, जबकि इसके ग्लोबल डिस्ट्रीब्यूशन का काम ‘जंगल बुक स्टूडियो’ देख रहा है।

‘गोंधल’ ऑस्कर में भारत की ऑफिशियल एंट्री

मराठी फिल्म ‘गोंधल’ को 99वें एकेडमी अवॉर्ड्स (ऑस्कर 2027) के लिए भारत की ऑफिशियल एंट्री चुना गया है।

मराठी लोक परम्परा पर बनी इस थ्रिलर फिल्म को ऑस्कर समारोह में ‘बेस्ट इंटरनेशनल फीचर फिल्म’ कैटेगरी में भेजा जाएगा। इस बार ऑस्कर की रेस में भारत की तरफ से धुरंधर, बॉर्डर-2, हनुमान अंश समेत 33 फिल्में शामिल हुई थीं।

साइकोलॉजिकल थ्रिलर फिल्म है गोंधल

2 घंटे के रनटाइम वाली यह मराठी फिल्म ग्रामीण महाराष्ट्र की लोक परंपरा और धार्मिक अनुष्ठान ‘गोंधल’ पर आधारित एक साइकोलॉजिकल थ्रिलर है। इस फिल्म का लेखन और निर्देशन संतोष डावखर ने किया है।

फिल्म की कहानी नवविवाहित जोड़े आनंद और सुमन के घर पर आयोजित रात भर चलने वाले गोंधल अनुष्ठान के इर्द-गिर्द घूमती है। पूजा-पाठ और उत्सव के दौरान गांव के लोगों के बीच दबे हुए पुराने विवाद, व्यक्तिगत रंजिशें और राजनीतिक तनाव बाहर आने लगते हैं।



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