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Indigo Light Fare Launch | Cabin Bag Only Tickets Booking Starts


नई दिल्ली6 मिनट पहले

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इंडिगो ने सिर्फ केबिन बैग यानी ‘हाथ में ले जाने वाला बैग’ के साथ सफर करने वाले पैसेंजर्स के लिए एक नया और सस्ता किराया ‘इंडिगो लाइट’ लॉन्च किया है। इसकी लिमिट 7kg होगी।

भारत की सबसे बड़ी घरेलू एयरलाइन ने यह कदम हवाई टिकटों की कीमतें कम करने के लिए उठाया है, ताकि बड़े सामान के बिना चलने वाले यात्रियों को कम पैसे देने पड़ें।

इससे पहले पिछले महीने एयर इंडिया ने भी उन यात्रियों के लिए एक बेसिक इकोनॉमी किराया शुरू किया था, जिन्हें फ्लाइट में मुफ्त खाना नहीं चाहिए और वे कम खर्च में सफर करना चाहते हैं।

कंपनी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर नए फेयर की जानकारी दी।

कंपनी ने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर नए फेयर की जानकारी दी।

इंडिगो के नए बदलावों को 5 आसान सवाल-जवाब में समझिए…

सवाल 1: ‘इंडिगो लाइट’ क्या है और इससे यात्रियों को क्या फायदा?

जवाब: ‘इंडिगो लाइट’ कंपनी का एक नया एंट्री-लेवल इकोनॉमी क्लास किराया है। यह खास तौर पर उन यात्रियों के लिए डिजाइन किया गया है, जो कम सामान के साथ यात्रा करते हैं। इसके तहत यात्रियों को सामान्य टिकट के मुकाबले कम बेस प्राइस यानी मूल किराया देना होगा। साथ ही, उन्हें बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के ऑटो-असाइंड सीट (सिस्टम द्वारा दी गई सीट) और 7kg तक का केबिन बैग ले जाने की अनुमति मिलेगी।

सवाल 2: यह नया किराया कब से और कहाँ लागू होगा?

जवाब: इंडिगो का यह नया किराया घरेलू और अंतरराष्ट्रीय दोनों तरह की उड़ानों पर लागू होगा। इसकी बुकिंग कंपनी की वेबसाइट और मोबाइल एप पर 1 जुलाई से शुरू हो गई है, जबकि इस किराए पर यात्रा की शुरुआत 15 जुलाई से प्रभावी होगी।

सवाल 3: इंडिगो ने यह कदम क्यों उठाया और कंपनी का इस पर क्या कहना है?

जवाब: आजकल एयरलाइंस पैसेंजर्स को सिर्फ उन्हीं सर्विसेज के पैसे चार्ज करना चाहती हैं, जिनका वे इस्तेमाल करते हैं। इंडिगो के चीफ स्ट्रैटेजी ऑफिसर आलोक सिंह ने बताया, “यह उन ग्राहकों के लिए तैयार किया गया है, जो लाइट ट्रैवल करते हैं और सिर्फ उन्हीं सर्विसेस के लिए भुगतान करना चाहते हैं, जिनकी उन्हें जरूरत है। यह बाजार के हिसाब से खुद को ढालने और सफर को ज्यादा सुलभ और किफायती बनाने की हमारी प्रतिबद्धता को दिखाता है।”

सवाल 4: क्या दूसरी एयरलाइंस भी इस तरह के सस्ते विकल्प दे रही हैं?

जवाब: हां, बाजार में प्रतिस्पर्धा बढ़ने के कारण कंपनियां लगातार ऐसे बदलाव कर रही हैं। एयर इंडिया ने भी पिछले महीने एक बेसिक इकोनॉमी किराया पेश किया था, जिसमें कॉम्प्लिमेंट्री मील (फ्री खाना) शामिल नहीं था। इसके अलावा, एयर इंडिया एक्सप्रेस के डायरेक्ट चैनल्स पर भी इस तरह का केबिन-बैग ओनली सिस्टम पहले से उपलब्ध है। पूरी खबर यहां क्लिक पढ़ें

सवाल 5: जेट फ्यूल (ATF) की कीमतों को लेकर क्या बड़ी खबर है?

जवाब: सरकार ने घरेलू एयरलाइंस के लिए एविएशन टरबाइन फ्यूल (ATF) यानी जेट फ्यूल की कीमतों में ₹5 प्रति लीटर की कटौती की है। इस कटौती के बाद देश में ATF की कीमत घटकर ₹110 प्रति लीटर पर आ गई है। फ्यूल सस्ता होने से भी एयरलाइंस को टिकट की कीमतें कंट्रोल करने में मदद मिलेगी।

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