5 मिनट पहले
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महाभारत में युधिष्ठिर का रोल निभाने वाले गजेंद्र चौहान एक्टर नसीरुद्दीन शाह के ‘दिमागी नक्सल’ वाले बयान पर भड़क गए हैं। गजेंद्र चौहान ने शाह को सीधे चुनाव लड़ने की चुनौती दी और कहा कि वे उनके खिलाफ मैदान में उतरकर उन्हें चुनाव हराएंगे।
वहीं फिल्म निर्माता अशोक पंडित ने शाह के आचरण पर सवाल उठाते हुए उनके व्यवहार को बेकाबू बताया और कहा कि उन्हें मेडिकल मदद की जरूरत है।

महाभारत में युधिष्ठिर का रोल निभाने वाले एक्टर गजेंद्र चौहान।
‘अगर सरकार का विरोध पसंद है तो चुनाव लड़कर दिखाएं’
गजेंद्र चौहान ने नसीरुद्दीन शाह को सीधे चुनावी मैदान में उतरने की चुनौती दी है। उन्होंने कहा कि देश ने एक कलाकार के तौर पर नसीरुद्दीन शाह को बहुत सम्मान और प्यार दिया, लेकिन अपने बयानों से उन्होंने इस सम्मान को नुकसान पहुंचाया है।
गजेंद्र चौहान ने कहा, “अगर आपको सरकार का विरोध करने का इतना ही शौक है, तो चुनाव लड़कर दिखाइए। आप जहां से भी चुनाव लड़ेंगे, मैं भाजपा कार्यकर्ता के नाते अपनी पार्टी से आपके खिलाफ टिकट मांगूंगा और आपको चुनाव में हराकर दिखाऊंगा।”
अशोक पंडित बोले- हताशा में मर्यादा भूल चुके हैं नसीरुद्दीन
फिल्म निर्माता अशोक पंडित ने भी नसीरुद्दीन शाह के बयानों पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। IANS से बातचीत में अशोक पंडित ने कहा कि पिछले एक साल से शाह की भाषा और बर्ताव में लगातार गिरावट आई है।
उन्होंने कहा कि शाह का व्यवहार किसी गुंडे जैसा हो गया है और वे अपनी मर्यादाएं खो चुके हैं। पंडित ने कहा कि पढ़े-लिखे इंसान होने का दावा करने वाले व्यक्ति की ऐसी भाषा उनकी हताशा और अनकंट्रोल्ड व्यवहार को दर्शाती है।

फिल्म निर्माता अशोक पंडित।
नसीरुद्दीन शाह ने क्या कहा था?
नसीरुद्दीन शाह ने मंगलवार को अपने फेसबुक अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें वे कहते हैं- “मैं फख्र के साथ कहता हूं, मैं दिमागी नक्सल हूं। दिमागी नक्सल के अलावा मालूम नहीं क्या-क्या लकब (उपनाम) दिए हैं चौकीदार ने मुझ जैसे लोगों को, एंटी-नेशनल, टुकड़े-टुकड़े गैंग और मालूम नहीं क्या-क्या।”
उन्होंने आगे कहा, “टुकड़े-टुकड़े गैंग अगर इस मुल्क में कोई है, तो वो ये नाजायज हुकूमत है और मैं इस हुकूमत से एक सवाल पूछना चाहता हूं। और क्या-क्या करोगे तुम? हमारे मुल्क के नौजवानों की हिम्मत को तोड़ने के लिए, शिक्षा संस्थानों को बर्बाद करने के लिए और हमारे लोकतंत्र को खतरे में डालने के लिए, कितना करोगे? तुम और तुमने अपने इर्द-गिर्द जो बेवकूफ, बेईमानों की पलटन इकट्ठी की है, कहां तक जाओगे?”

उन्होंने यह भी कहा कि पहले जवाहरलाल नेहरू यूनिवर्सिटी (JNU), फिर सत्यजीत रे फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट और अब जामिया मिलिया इस्लामिया में छात्रों पर जो जुल्म किया जा रहा है, वो याद रखा जाएगा। सब याद रखा जाएगा।
नसीरुद्दीन शाह ने अपने वीडियो में मीडिया और बीजेपी आईटी सेल के लिए अपशब्दों का भी प्रयोग किया।
उन्होंने कहा कि तमाम कोशिशों के बावजूद देश के युवाओं का हौसला नहीं टूटेगा, शिक्षा संस्थान बर्बाद नहीं होंगे और लोकतंत्र खतरे में नहीं पड़ेगा।
वीडियो के आखिर में उन्होंने देश के युवाओं को सलाम किया और कहा कि उनकी दुआएं उनके साथ हैं।
बीजेपी के लिए अपशब्द कहे थे; झूठी पार्टी बताया था
इससे पहले नसीरुद्दीन शाह ने शनिवार को अपनी इंस्टाग्राम स्टोरी पर एक वीडियो शेयर किया था। अभिनेता ने आरोप लगाया था कि पश्चिम बंगाल चुनाव में जीत के बाद बीजेपी उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई कर रही है, जो उसकी विचारधारा और नीतियों से सहमत नहीं हैं। उन्होंने सत्यजीत रे फिल्म एंड टेलीविजन इंस्टीट्यूट के छात्रों का मुद्दा भी उठाया।

शाह ने वीडियो में कहा था कि संस्थान के छात्र प्रशासन से जवाब मांग रहे थे। इसके बदले उन्हें कारण बताओ नोटिस दिए गए, निगरानी में रखा गया और धमकियां दी गईं। उन्होंने यह भी कहा कि छात्रों को हॉस्टल खाली करने के लिए कहा गया है।
अभिनेता ने बीजेपी पर आरोप लगाया था कि वह अपने पक्ष में प्रचार को बढ़ावा दे रही है और असहमत लोगों को डराने या उनकी सोच बदलने की कोशिश कर रही है। पूरी खबर यहां पढ़ें…
