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गेट्स बोले-AI के गलत इस्तेमाल से 100 करोड़ मौतें संभव:अमेरिकी सरकार इस पर कानून बनाए; ऑस्ट्रेलिया में AI सरकारी पोर्टल हैक कर चुका




माइक्रोसॉफ्ट के सह-संस्थापक बिल गेट्स ने चेतावनी दी है कि गलत हाथों में एआई इतनी ताकतवर हो सकती है कि इससे 100 करोड़ लोगों की मौत तक हो सकती है। एक इंटरव्यू में गेट्स ने कहा कि बुरे इरादे वाले लोगों के साथ एआई टूल्स का मेल अब तक के किसी भी हथियार से ज्यादा खतरनाक हो सकता है। उन्होंने खतरे को गंभीरता से लेने को कहा है। गेट्स ने अमेरिकी सरकार से एआई पर कानून बनाने की मांग की। उन्होंने कहा कि कंपनियों का कंट्रोल पर्याप्त नहीं है और सरकारी निगरानी व नियम लागू करना जरूरी है। गेट्स ने अगस्त में प्रकाशित अपने लेख में भी एआई के तीन बड़े खतरे बताए थे। ऑस्ट्रेलिया में एआई मॉडल ने सरकारी पोर्टल हैक किया उधर दुनिया में पहली बार किसी एआई मॉडल ने सरकारी पोर्टल को हैक किया है। यह घटना ऑस्ट्रेलिया में हुई। OpenAI का एक AI मॉडल ऑस्ट्रेलिया के हेल्थ डेटा सिस्टम में घुस गया। उसने फाइलों तक पहुंचकर जानकारी हासिल की। इनमें हेल्थ खर्च और दवा सब्सिडी से जुड़ा डेटा था। OpenAI ने इस घटना के बारे में 54 दिन बाद सरकार को बताया। इसके बाद, प्रधानमंत्री अल्बनीज ने न्यूयॉर्क में ओपनएआई प्रमुख सैम ऑल्टमैन से फोन पर बात कर देरी पर नाराजगी जताई। इस बीच OpenAI के CEO सैम ने कहा कि एआई पर अब कंट्रोल रखना जरूरी हो गया है। उन्होंने कहा कि अगर इंसानी कंट्रोल खोता है तो बहुत बुरा होगा। ऑस्ट्रेलिया अब मामले की जांच करेगा ऑस्ट्रेलिया अब जांच करेगा कि कंपनी पर आपराधिक मामला बनता है या नहीं। यह भी जांच की जा रही है कि ऑस्ट्रेलियाई सुरक्षा एजेंसियां इस घुसपैठ को पहले क्यों नहीं पकड़ सकीं। OpenAI ने भी माना कि उसके मॉडलों ने ऐसे स्टेप्स लिए, जिनका इरादा कंपनी का नहीं था। CEO सैम ने कहा दुनिया के सभी देशों को मिलकर सुरक्षा मानक तय करना चाहिए, ताकि तकनीक ज्यादा शक्तिशाली होने पर भी कंट्रोल में रहे। ——————————- ये खबर भी पढ़ें… एआई से पूछ रहे अमेरिकी- क्या खाएं: चटपटे स्नैक्स की मांग बढ़ी अमेरिका में हल्की भूख लगने पर क्या खाएं, इसका जवाब अब लोग एआई से भी मांग रहे हैं। ग्राहक किसी खास उत्पाद को खोजने के बजाय ज्यादा प्रोटीन या फाइबर वाले स्नैक्स के विकल्प पूछ रहे हैं। खाद्य कंपनी कोनाग्रा ब्रांड्स के मुताबिक, यह बदलाव ज्यादा प्रोटीन, चटपटे स्वाद और खास स्वास्थ्य जरूरतों के हिसाब से बने उत्पादों की मांग बढ़ाने में मदद कर रहा है। पूरी खबर पढ़ें…



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